Sunday, December 4, 2022
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    Questions Raised On Central Government Vrs And Appointment Of EC Arun Goyal Sharad Pawar Asked Is It Normal- HindiNewsWala


    CEC Appointment: चुनाव आयुक्त अरुण गोयल की नियुक्ति को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार से सवाल पूछा है और केंद्र सरकार से उनकी नियुक्ति की फाइल मांगी है. हालांकि, केंद्र सरकार ने अरुण गोयल की नियुक्ति को सही ठहराते हुए कहा है कि पूरी प्रक्रिया के तहत ही उनकी नियुक्ति की गई है. इस मामले को लकेर राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के प्रमुख शरद पवार ने गुरुवार को सुप्रीम कोर्ट द्वारा पूछे गए सवाल के बाद केंद्र सरकार पर कटाक्ष किया और कहा कि क्या अरुण गोयल को नए चुनाव आयुक्त के रूप में नियुक्त करने की फाइल को जल्दबाजी में मंजूरी दे दी गई थी, ऐसी भी क्या जल्दी थी.

    बता दें कि “सुप्रीम कोर्ट ने अरुण गोयल की नियुक्ति पर सवाल उठाते हुए स्पष्ट रूप से संकेत दिया है कि अरुण गोयल की नए चुनाव आयुक्त के रूप में नियुक्ति में यह सरकार के अधिकार का दुरुपयोग है. किसी व्यक्ति को अगर किसी विशेष दिन सेवानिवृत्त होना था और उसी दिन उसकी नौकरी में विस्तार देना या उसकी नियुक्ति को मंजूरी देना, ऐसा तो इस देश में पहले कभी नहीं हुआ था. यह किसी पद पर नियुक्ति की सामान्य व्यवस्था के खिलाफ है.’

    बिजली की गति से राष्ट्रपति-प्रधानमंत्री की मिली थी मंजूरी

    गुरुवार को न्यायमूर्ति केएम जोसेफ की अध्यक्षता वाली शीर्ष अदालत की पीठ ने इस मामले में पाया कि नए चुनाव आयुक्त के लिए 15 मई को रिक्त हुई थी और गोयल की फाइल को ‘बिजली की गति’ से मंजूरी दे दी गई थी. अटॉर्नी जनरल आर वेंकटरमणी ने प्रक्रिया की व्याख्या की और बेंच से इस पूरे मामले को संपूर्णता में देखने का अनुरोध किया.

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    चुनाव आयुक्त के रूप में गोयल की नियुक्ति उस समय जांच के घेरे में आ गई थी, जब सुप्रीम कोर्ट ने सरकार से पूछा था कि क्या नियुक्ति में ‘हंकी-पैंकी’ है. इसके साथ ही अदालत ने  गोयल की नियुक्ति संबंधित फाइल मांगी थी. बुधवार को बेंच ने कहा था कि चुनाव आयुक्त की नियुक्ति के लिए परामर्श प्रक्रिया में भारत के मुख्य न्यायाधीश को शामिल करने से चुनाव आयोग की स्वतंत्रता सुनिश्चित होगी.

    पंजाब कैडर के आईएएस अधिकारी, गोयल को 19 नवंबर को चुनाव आयुक्त के रूप में नियुक्त किया गया था. फरवरी 2025 में राजीव कुमार के पद छोड़ने के बाद वह अगले पोल पैनल प्रमुख होंगे. चुनाव आयोग में उनका कुल कार्यकाल पांच साल से अधिक का होगा. वह कुमार और चुनाव आयुक्त अनूप चंद्र पांडे के साथ पोल पैनल में शामिल होंगे.

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